NCERT Solutions for Class 11th: पाठ 15 - पृथ्वी पर जीवन

NCERT Solutions for Class 11th: पाठ 15 - पृथ्वी पर जीवन भूगोल के मूल सिद्धांत (Prithvi par Jivan) Bhautik Bhugol ke Mool Siddhant

अभ्यास

पृष्ठ संख्या: 142

1. बहुवैकल्पिक प्रश्न:

(i) निम्नलिखित में से कौन जैवमंडल में सम्मिलित हैं :
(क) केवल पौधे
(ख) केवल प्राणी
(ग) सभी जैव व अजैव जीव
(घ) सभी जीवित जीव
► (ग) सभी जैव व अजैव जीव

(ii) उष्णकटिबंधीय घास के मैदान निम्न में से किस नाम से जाने जाते हैं?
(क) प्रेयरी
(ख) स्टैपी
(ग) सवाना
(घ) इनमें से कोई नहीं
► (ग) सवाना

(iii) चट्टानों में पाए जाने वाले लोहांश के साथ ऑक्सीजन मिलकर निम्नलिखित में से क्या बनाती है?
(क) आयरन कार्बोनेट
(ख) आयरन ऑक्साइड
(ग) आयरन नाइट्राइट
(घ) आयरन सल्फेट
► (ख) आयरन ऑक्साइड

(iv) प्रकाश-संश्लेषण प्रक्रिया के दौरान, प्रकाश की उपस्थिति में कार्बन डाईऑक्साइड जल के साथ मिलकर क्या बनाती है?
(क) प्रोटीन
(ख) कार्बोहाइड्रेट्स
(ग) एमिनोएसिड
(घ) विटामिन
► (ख) कार्बोहाइड्रेट्स

2. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर 30 शब्दों में दीजिए:

(i) पारिस्थितिकी से आप क्या समझते हैं?

उत्तर

जीवधारियों का आपस में व उनका भौतिक पर्यावरण से अंतर्संबंधों का वैज्ञानिक अध्ययन ही पारिस्थितिकी है|

(ii) पारितंत्र (Ecological system) क्या है? संसार के प्रमुख पारितंत्र प्रकारों को बताएं|

उत्तर

किसी विशेष क्षेत्र में किसी विशेष समूह के जीवधारियों का भूमि, जल अथवा वायु (अजैविक तत्त्वों) से ऐसा अंतर्संबंध जिसमें ऊर्जा प्रवाह व पोषण श्रृंखलाएं स्पष्ट रूप से समायोजित हों, उसे पारितंत्र (Ecological system) कहा जाता है|
पारितंत्र दो प्रकार के हैं :
• स्थलीय पारितंत्र
• जलीय पारितंत्र

(iii) खाद्य श्रृंखला क्या है? चराई खाद्य श्रृंखला का एक उदाहरण देते हुए इसके अनेक स्तर बताएं|

उत्तर

यह खाद्य क्रम और इस क्रम से एक स्तर से दूसरे स्तर पर ऊर्जा प्रवाह ही खाद्य श्रृंखला कहलाती है|

उदाहरण के लिए- पौधे पर जीवित रहने वाला एक कीड़ा (Bettle) एक मेंढक का भोजन है, जो मेंढक साँप का भोजन है और साँप एक बाज़ द्वारा खा लिया जाता है|

(iv) खाद्य जाल (Food web) से आप क्या समझते हैं? उदाहरण सहित बताएं|

उत्तर

खाद्य श्रृंखलाओं के आसपास में एक-दूसरे से जुड़े होने को खाद्य जाल कहते हैं|

उदाहरणार्थ- एक चूहा, जो अन्न पर निर्भर है वह अनेक द्वितीयक उपभोक्ताओं का भोजन है और तृतीयक माँसाहारी अनेक द्वितीयक जीवों से अपने भोजन की पूर्ति करते हैं|

(v) बायोम (Biome) क्या है?

उत्तर

बायोम, पौधों व प्राणियों का एक समुदाय है जो एक बड़े भौगोलिक क्षेत्र में पाया जाता है|

3. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर लगभग 150 शब्दों में दीजिए:

(i) संसार के विभिन्न वन बायोम (Forest biomes) की महत्वपूर्ण विशेषताओं का वर्णन करे|

उत्तर

संसार के विभिन्न वन बायोम को तीन उपभागों में वर्गीकृत किया गया है :

• उष्ण कटिबंधीय :

(क) भूमध्य रेखीय- यहाँ तापमान 20° से 25° से. होता है जिसका लगभग एक समान वितरण होता है| यहाँ की मृदा में अम्लीयता तथा पोषक तत्त्वों की कमी पायी जाती है| असंख वृक्षों के झुंड, लंबे तथा घने वृक्ष पाए जाते हैं|

(ख) पर्णपाती- यहाँ का तापमान 25° से 30° से. तथा एक ऋतु में 1,000 मि.मी. वार्षिक औसत वर्षा होती है| मृदा पोषक तत्त्वों में धनी होती है| कम घने, मध्यम ऊँचाई के वृक्ष तथा अधिक प्रजाति एक साथ पाई जाती है| दोनों में कीट पतंगें, चमगादड़, पक्षी व स्तनधारी जंतु पाए जाते हैं|

• शीतोष्ण कटिबंधीय- तापमान 20° से 30° से. तथा वर्षा 750 से 1,500 मि.मी. तक होती है| मृदा उपजाऊ, अवघटक जीवों से भरपूर होती है| मध्यम घने चौड़े पत्ते वाले वृक्ष पाए जाते हैं| पौधों की प्रजातियों में कम विविधता जैसे- ओक, बीच, मेप्प्ल आदि हैं| जंतुओं में गिलहरी, खरगोश, पक्षी, काले भालू, पहाड़ी शेर व स्कंक आदि पाए जाते हैं|

• बोरियल- छोटी आर्द्र ऋतु व मध्यम रूप से गर्म ग्रीष्म ऋतु तथा लंबी (वर्षा रहित) शीत ऋतु पाई जाती है| यहाँ मुख्यत: हिमपात के रूप में 400 से 1,000 मि.मी. वर्षा होती है| यहाँ की मृदा में अम्लीयता तथा पोषक तत्त्वों की कमी पायी जाती है| मिट्टी की परत अपेक्षाकृत पतली होती है| सदाबहार कोणधारी वन जैसे- पाइन, फर व स्प्रूस आदि पाए जाते हैं| कठफोड़ा, चील, भालू, हिरन, खरगोश, भेड़िये व चमगादड़ आदि मुख्य प्राणी हैं|

(ii) जैव भू-रासायनिक चक्र (Biogeochemical balance) क्या है? वायुमंडल में नाइट्रोजन का यौगिकीकरण (Fixation) कैसे होता है? वर्णन करें|

उत्तर

रासायनिक त्तत्वों का यह संतुलन पौधे व प्राणी ऊतकों से होने वाले चक्रीय प्रवाह के द्वारा बना रहता है| यह चक्र जीवों द्वारा रासायनिक तत्वों के अवशोषण से आरंभ होता है और उनके वायु, जल व मिट्टी में विघटन में पुनः आरंभ होता है| ये चक्र मुख्यत: सौर ताप से संचालित होते हैं| जैवमंडल में जीवधारी व पर्यावरण के बीच ये रासायनिक तत्वों के चक्रीय प्रवाह जैव भू-रासायनिक चक्र कहे जाते हैं| बायो (Bio) का अर्थ है जीव तथा 'ज्यो' (Geo) का तात्पर्य पृथ्वी पर उपस्थित चट्टानें, मिट्टी, वायु व जल से है|

नाइट्रोजन का लगभग 90 प्रतिशत भाग जैविक है, अर्थात् जीव ही ग्रहण का सकते हैं| स्वतंत्र नाइट्रोजन का प्रमुख स्रोत मिट्टी के सूक्ष्म जीवाणुओं की क्रिया व संबंधित पौधों की जड़ें व रंध्र वाली मृदा है, जहाँ से यह वायुमंडल में पहुँचती है| वायुमंडल में भी बिजली चमकने व अंतरिक्ष विकिरण द्वारा नाइट्रोजन का यौगिकीकरण होता है| महासागरों में कुछ समुद्री जीव भी इसका यौगिकीकरण करते हैं|

(iii) पारिस्थितिकी संतुलन (Ecological balance) क्या है? इसके असंतुलन को रोकने के महत्वपूर्ण उपायों की चर्चा करें|

उत्तर

किसी पारितंत्र या आवास में जीवों के समुदाय में परस्पर गतिक साम्यता की अवस्था ही पारिस्थितिक संतुलन है| यह तभी संभव है जब जीवधारियों की विविधता अपेक्षाकृत स्थायी रहे|
पारिस्थितिक असंतुलन के कारण- नईं प्रजातियों का आगमन, प्राकृतिक विपदाएँ और मानव जनित कारक हैं|
इसके असंतुलन को रोकने के महत्वपूर्ण उपाय निम्नलिखित हैं :
• प्रकृति में हस्तक्षेप न करके|
• जनसंख्या पर नियंत्रण|
• वस्तुओं का पुनः उपयोग और पुनःचक्रण|
• प्राकृतिक संसाधनों का विवेकपूर्ण तरीके से उपयोग|
• वनीकरण को प्रोत्साहन|

पारिस्थितिक तंत्र की सुरक्षा और संरक्षण के लिए समुचित ज्ञान और प्रबंधन आवश्यक है|


GET OUR ANDROID APP

Get Offline Ncert Books, Ebooks and Videos Ask your doubts from our experts Get Ebooks for every chapter Play quiz while you study

Download our app for FREE

Study Rankers Android App Learn more

Study Rankers App Promo